भाजपा कार्यकर्ता के लिए ACS होम व DGP से भिड़े नगर विधायक, लखनऊ तक मचा हंगामा

गोरखपुर: भाजपा कार्यकर्ता के मुद्दे पर नगर विधायक डॉ. आरएमडी अग्रवाल यूपी सरकार के अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश कुमार अवस्थी और डीजीपी हितेश चंद्र अवस्थी से भिड़ गए। नगर विधायक ने अपने ट्विटर हैंडल पर लिखा कि पुलिस का इकबाल खत्म होता जा रहा है। अवनीश कुमार अवस्थी व डीजीपी अपने दायित्व का निर्वहन करने में पूरी तरह से असफल सिद्ध हुए हैं।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य व उपमुख्यमंत्री दिनेश शर्मा को टैग किया, फिर लिखा कि अपनी छवि बचानी है तो इनकी जगह पर सक्षम अधिकारी नियुक्त करने चाहिए। इस ट्वीट के बाद हंगामा खड़ा हो गया।

लगी फटकार तो हरकत में आए अधिकारी
अपर मुख्य सचिव व डीजीपी ने मोबाइल फोन पर विधायक से बात की। साथ ही भाजपा कार्यकर्ता के मामले को लेकर लखीमपुर खीरी में कार्रवाई भी हुई। बाद में नगर विधायक ने अफसरों को कटघरे में खड़ा करने वाला अपना ट्वीट डिलीट कर दिया। अब ट्वीट का स्क्रीनशॉट सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। पक्ष-विपक्ष में बहस भी छिड़ी है।

यह है मामला
गोरखपुर के भाजपा कार्यकर्ता महेंद्र प्रताप के साले व लखीमपुर खीरी निवासी अजित प्रताप लाल की गत 25 जून को हत्या हुई थी। आरोप थे कि जीसी रोड लखीमपुर खीरी के कांशीराम कॉलोनी निवासी मुस्तफा की बेटी की शादी में हर्ष फायरिंग हुई थी। शानू खान नामक व्यक्ति अंधाधुंध गोली चला रहा था।

इसी बीच ऊपर अपने फ्लैट की खिड़की के पास खड़े अजित प्रताप लाल के नाक के पास गोली लगी और उनकी मौके पर मौत हो गई। दो दिन तक शव फ्लैट पर ही पड़ा रहा। जब शव से बदबू आने लगा तो आसपास के लोगों ने पुलिस को सूचना दी। पोस्टमार्टम से साफ हुआ कि अजित की मौत गोली लगने से हुई थी। इसके बावजूद पुलिस मामले में प्रभावी कार्रवाई नहीं कर रही थी।

इसी का नतीजा रहा कि यूपी सरकार के आला अफसर बैकफुट पर आए। आनन-फानन में भाजपा कार्यकर्ता के रिश्तेदार की हत्या  का मुख्य आरोपित शानू खान लखीमपुर खीरी में गिरफ्तार किया गया। साथ ही लखीमपुरखीरी के कोतवाली प्रभारी अजय कुमार मिश्रा को लाइनहाजिर कर दिया गया। इन कार्रवाइयों की पुष्टि नगर विधायक ने खुद की है। विधायक का कहना है कि अपर मुख्य सचिव व डीजीपी स्तर से ही कार्रवाई की जानकारी दी गई है।

भाजपा कार्यकर्ता महेंद्र प्रताप ने कहा कि छोटे कार्यकर्ता के लिए डॉ. आरएमडी अग्रवाल ने अपनी विधायकी दांव पर लगा दी। बहुत कम नेता होते हैं, जो कार्यकर्ता के मुद्दे पर अपर मुख्य सचिव गृह, डीजीपी से भिड़ जाएं। गर्व होता है ऐसे विधायक पर, जो छोटे कार्यकर्ता की खातिर अपनी सरकार के अफसरों को भी कटघरे में खड़े करने से नहीं हिचके।

बोले नगर विधायक, हर विधायक का है यही दायित्व
भाजपा नगर विधायक डॉ. आरएमडी अग्रवाल ने कहा कि यह हर विधायक का दायित्व है। भले ही वह सत्ता पक्ष का क्यों न हो? अपने नागरिक व कार्यकर्ताओं के लिए हमेशा ईमानदार रहना चाहिए। यदि नहीं रहेगा तो उसके इस कुकृत्य के कारण पार्टी की छवि खराब होगी। पार्टी व मुख्यमंत्री का निर्देश है कि विधायक अपने क्षेत्र में जागरूक रहें और किसी प्रकार का अन्याय व शोषण न होने दें। जो ऐसा नहीं करते हैं, वे पार्टी की छवि खराब करते हैं।