उप्र माटी बोर्ड का गठन, कुम्हारों को रजिस्ट्रेशन कराने के निर्देश

गोरखपुर : उ0प्र0 शासन द्वारा माटी कला एंव माटी शिल्प कला को बढ़ावा देने हेतु उ0प्र0 माटी कला बोर्ड का गठन किया जा चुका है. उक्त के अतिरिक्त पर्यावरण को सतत हो रहे नुकसान के परिप्रेक्ष्य में प्लास्टिक से निर्मित कप प्लेट आदि के प्रयोग को प्रदेश में प्रतिबंधित कर दिया गया है.

 

जिलाधिकारी के0 विजयेन्द्र पाण्डियन ने बताया है कि सरकार के मंशा के अनुसार मिट्टी के बर्तनों एंव खिलौनों, मूर्तियों आदि को बनाकर जीविकोपार्जन करने वाले कुम्हारों एंव कारीगरों को भविष्य आधुनिक चाक भट्ठी व मिट्टी गूथने की मशीन उपलब्ध कराया जाना प्रस्तावित है. अतएंव उक्त कार्य से जुड़े लोग अपना नामांकन उ0प्र0 खादी तथा ग्रामोद्योग बोर्ड के जिला ग्रामोद्योग कार्यालय में 15 सितम्बर तक करा लें. नामांकन हेतु आधार कार्ड, राशन कार्ड, फोटो, निवास व जाति प्रमाण पत्र लाना आवश्यक है.


जिलाधिकारी ने जनपद के समस्त प्रधानों को निर्देश दिये है कि वे अपने ग्राम सभा के अन्तर्गत कार्य करने वाले कुम्हार जो मिट्टी कला के कारीगर है, का अधिक से अधिक नामांकन करायें, ताकि सरकार की इस महत्वाकांक्षी योजना का लाभ माटीकला से जुडे सभी कारीगरों/शिल्पियों को मिल सके.