गोरखपुर में बेखौफ हुए अपराधी, अब सर्राफा कारोबारी की गाड़ी में टंगा झोला लेकर हुए फरार

गोरखपुर: जिले में इन दिनों अपराधी बेखौफ हो गए हैं। बदमाश आए दिन पुलिस की खुली चुनौती देते हुए ताबड़तोड़ घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं।इसी का नतीजा है कि अब शाहपुर इलाके के गीता वाटिका कैंसर अस्पताल के पास मंगलवार की सुबह बदमाश सराफा कारोबारी की बाइक में टंगे झोले को लेकर फरार हो गए। झोले में करीब 600 ग्राम चांदी व 80 ग्राम सोने का जेवरात थे। जिसकी कीमत करीब साठ हजार रुपए से अधिक बताई जा रही है।

 

यह भी पढ़ें……

मनुरोजन यादव: छात्र राजनीति से लेकर पूर्वांचल की राजनीति में बनाई अपनी एक अलग पहचान

सूचना पाते ही एसएसपी दिनेश कुमार पी और पुलिस मौके पर पहुंच गए और पुलिस को तत्काल कार्रवाई का निर्देश दिया। साथ ही थाने पर इलाके के सोनार व व्यापारियों को बुलाकर जागरूक किया और सावधान रहने को कहा। वहीं, टप्पेबाजी की घटना पास के एक सीसीटीवी फुटेज में कैद हो गई है। पुलिस फुटेज के आधार पर बदमाशों की तलाश कर रही है।

जानकारी के अनुसार इलाके के आवास विकास कॉलोनी पूर्वी निवासी सोनू वर्मा की पादरी बाजार में सोने चांदी के जेवरात की दुकान है। वह मंगलवार की सुबह करीब 11 बजे बाइक से घर से दुकान के लिए निकल रहे थे। झोले को गाड़ी के हैंडल मेंं टांग दिया। लेकिन गाड़ी में पहले से टप्पे बाज ने कुछ गंदा लगा दिया था, जो सोनू के हाथ में लग गया। उसे धोने के लिए सोनू अपने घर में अंदर गए और इसी बीच टप्पेबाजों ने झोले को गायब कर दिया और फरार हो गए।

सूचना पर पहुंचे एसएसपी ने सर्राफा व्यापार व्यपारियों के साथ बैठक कर लोगों को जागरूक किया कि बाहर से आकर चिप्स गिराकर टप्पेबाजी का काम जालसाज कर रहे है । उससे सावधान रहें और लोगों को सतर्क करें।

 

लगातार सराफा कारोबारियों को निशाना बना रहे बदमाश


गौरतलब है कि अभी बीते सोमवार को ही गोरखनाथ इलाके में 75 वर्षीय बुजुर्ग से झपट्टा मारने की कोशिश की गई थी। इससे पहले गोरखनाथ थानाक्षेत्र में भी बीते एक अप्रैल को आभूषण कारोबारी कोतवाली के नखास चौक निवासी राकेश वर्मा की बाइक पंचर कर 66 ग्राम सोने के गहने 300 ग्राम चांदी के गहने तथा 67000 नकदी लेकर जालसाज फरार हुुए थे।

 

वहीं, शाहपुर में ही बीते दो अप्रैल को रेल विहार कॉलोनी में दुकान चलाने वाले राप्तीनगर फेज चार निवासी धनंजय मौर्य का बैग लेकर जालसाज फरार हो गए थे। बैग में लैपटाप 30 हजार के जेवरात दस हजार रूपये नकदी था। इन घटनाओं को देखते हुए चर्चा है कि जालसाजों का गिरोह काम कर रहा है। जो आभूषण कारोबारियों को निशाना बना रहा है।